मौसमी बीमारियों को रोकने में भाजपा फेल, मलेरिया ने तोड़े पांच साल के रिकॉर्ड- अंकुश नारंग
दिल्ली में बारिश के बाद मौसमी बीमारियों के बढ़ते प्रकोप को लेकर आम आदमी पार्टी ने भाजपा पर तीखा हमला बोला है। दिल्ली नगर निगम में ‘‘आप’’ के नेता प्रतिपक्ष अंकुश नारंग ने कहा कि चार इंजन वाली भाजपा सरकार दिल्ली में डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया के केस रोकने में फेल हो गई है। मलेरिया ने पांच साल के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। दिल्ली में अब तक मलेरिया के 264 केस आए हैं, जबकि कि भाजपा सरकार के पास कोई ठोस कार्य योजना नहीं है। हमारी मांग है कि भाजपा सरकार मौसमी बीमारियों से संबंधित रिपोर्ट हर रोज जारी करे, ताकि दिल्ली के लोग जागरूक हो सकें।

अंकुश नारंग ने कहा कि यह समय वेक्टर जनित बीमारियों का है। यानी यह मौसम मलेरिया, चिकनगुनिया और डेंगू का है। लेकिन भाजपा की चार इंजन वाली सरकार पूरी तरह नाकाम साबित हुई है। यह सरकार बिल्कुल निकम्मी है। 8 सितंबर को आई एमसीडी की रिपोर्ट से साफ पता चलता है कि भाजपा के शासन में इस साल मलेरिया के मामले पिछले पांच सालों में सबसे ज्यादा हैं। यह रिपोर्ट 6 सितंबर तक के आंकड़ों पर आधारित है और बताती है कि इस साल अब तक दिल्ली में मलेरिया के 264 मामले दर्ज हो चुके हैं। जबकि 2021 में इस समय तक केवल 57, 2022 में 49 मामले थे और पिछले साल 237 मामले थे। इस साल यह आंकड़ा बढ़कर 264 हो गया है। यानी भाजपा के राज में मलेरिया के मामले तेजी से बढ़े हैं।
अंकुश नारंग ने कहा कि मलेरिया, चिकनगुनिया और डेंगू के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। फॉगिंग आमतौर पर सितंबर-अक्टूबर में शुरू होती है, लेकिन इस बार भाजपा ने जुलाई से शुरू कर दी। इसके बावजूद, इन बीमारियों के मामले बढ़ते जा रहे हैं। मुझे लगता है कि भाजपा के पास मलेरिया, चिकनगुनिया और डेंगू को रोकने की न तो कोई ठोस योजना है, न ही कोई रणनीति है। वे जनता को इस काम में शामिल भी नहीं करते। सिर्फ कभी-कभी वे साप्ताहिक रिपोर्ट जारी कर देते हैं। कई बार तो रिपोर्ट भी नहीं आती है।
अंकुश नारंग ने कहा कि हमारी मांग है कि इन बीमारियों की रोजाना की रिपोर्ट जारी होनी चाहिए। यह रिपोर्ट हर व्यक्ति तक पहुंचनी चाहिए। जब लोगों को रोजाना पता चलेगा कि मलेरिया, चिकनगुनिया और डेंगू बढ़ रहा है, तो वे जागरूक होंगे। वे अपने स्तर पर कदम उठाएंगे ताकि उनका परिवार सुरक्षित रहे। लेकिन समस्या यह है कि भाजपा ने किसी भी अधिकारी को बुलाकर यह जवाबदेही तय नहीं की कि मलेरिया, चिकनगुनिया और डेंगू को कैसे रोका जाएगा।
अंकुश नारंग ने कहा कि एमसीडी की रिपोर्ट दिखाती है कि मौसमी बीमारियों की रोकथाम में भाजपा की सरकार पूरी तरह विफल है। एक तरफ ये लोग “दिल्ली को कूड़े से आजादी” की बात करते हैं। लेकिन उनके इस अभियान का नाम बदलकर “दिल्ली में कूड़े को आजादी” करना चाहिए। क्योंकि भाजपा ने कूड़े को ही आजाद कर दिया है। अब हर सड़क पर कूड़ा ही कूड़ा दिखता है। पहले कूड़ा कचरा पेटियों तक सीमित था, लेकिन अब यह सड़कों पर फैल गया है। हर सड़क कूड़े का ढेर बन गई है। भाजपा ने दिल्ली को कूड़ाघर बना दिया है।
अंकुश नारंग ने कहा कि भाजपा को शर्म करनी चाहिए। दिल्ली की जनता ने उसे विधानसभा में 48 सीटें दीं, सातों सांसद उसी के हैं, एमसीडी में भी उसकी ही सत्ता है। अब तो भाजपा के चारों इंजन हैं, उसे दिल्ली को मलेरिया, चिकनगुनिया और डेंगू से मुक्त की दिशा में हर संभव प्रयास करना चाहिए। लेकिन स्थिति इसके उलट है। मलेरिया के मामले बढ़ रहे हैं। भाजपा को इस पर गंभीरता से काम करना चाहिए।
पिछले पांच साल में दिल्ली में 6 सितंबर तक एमसीडी के विभिन्न जोन में आए मलेरिया के तुलनात्मक केस
जोनवार इस हफ्ते 2025 2024 2023 2022 2021
सेंट्रल जोन 4 30 20 12 4 2
सिटी एसपी 3 22 17 18 3 3
सिविल लाइन 3 23 17 4 6 4
करोल बाग 2 13 13 27 4 0
केशवपुरम 3 12 10 1 1 2
नजफगढ़ 2 28 18 6 3 7
नरेला 0 11 35 10 1 2
रोहिणी 0 9 5 2 0 1
शाहदरा (नॉर्थ) 3 15 27 26 3 10
शाहदरा (साउथ) 4 19 9 4 3 2
दक्षिण 2 24 21 11 2 3
पश्चिम 3 46 40 8 1 1
कुल (एमसीडी 29 252 232 29 31 37

